माघ स्नान 2017 | Magh Snan 2017 | Magh Snan

कहा गया है कि त्रिदेव माघ मास में प्रयागराज के लिए यमुना के संगम पर गमन करते हैं तथा इलाहबाद के प्रयाग में माघ मास के दौरान स्नान करने दस हज़ार अश्वमेध यज्ञ करने के समान फल प्राप्त होता है. माघ मास में ब्रह्म मूहुर्त्त समय गंगाजी अथवा पवित्र नदियों में स्नान करना उत्तम होता है. माघ मास का स्नान पौष शुक्ल एकादशी अथवा पूर्णिमा से आरम्भ कर माघ शुक्ल द्वादशी या पूर्णिमा को समाप्त हो जाता है. जब सूर्य माघ मास में मकर राशि पर स्थित होता है तब समस्त व्यक्तियों को इस समय व्रत व दान तप का...

श्री गणेश संकट चौथ व्रत | Ganesh Sankat Chauth Vrat 2017 | Ganesh Sankat Chauth Festival 2017

श्री गणेश चतुर्थी के दिन श्री विध्नहर्ता की पूजा- अर्चना और व्रत करने से व्यक्ति के समस्त संकट दूर होते है. यह व्रत इस वर्ष 15 जनवरी, 2017 को रखा जाना है. माघ माह के कृष्ण पक्ष चतुर्थी के दिन को संकट चौथ के नाम से भी जाना जाता है. इस तिथि समय रात्री को चंद्र उदय होने के पश्च्यात चंद्र उदित होने के बाद भोजन करे तो अति उत्तम रहता है. तथा रात में चन्द्र को अर्ध्य देते हैं. हिन्दू धर्म शास्त्रों में के अनुसार भगवान श्री गणेश कई रुपों में अवतार लेकर प्राणीजनों के दुखों को दूर...

पुत्रदा एकादशी व्रत | Putrada Ekadashi Vrat | Putrada Ekadashi Vrat 2017 | Putrada Ekadashi Fast

पुत्रदा एकादशी व्रत वर्ष 2017 में पुत्रदा एकादशी व्रत 8 जनवरी को मनाया जाएगा. हिन्दू पंचांग के अनुसार प्रतिवर्ष पुत्रदा एकादशी का व्रत पौष माह की शुक्ल पक्ष की एकादशी को मनाया जाता है. इस दिन भगवान नारायण की पूजा की जाती है. सुबह स्नान आदि से निवृत होकर स्वच्छ वस्त्र धारण करने के पश्चात श्रीहरि का ध्यान करना चाहिए. पुत्रदा एकादशी पूजन | Putrada Ekadashi Pujan पुत्रदा एकादशी के दिन बाल गोपाल की पूजा करनी चाहिए, बाल गोपाल की प्रतिमा को पंचामृत से स्नान कराना चाहिए....

मार्तण्ड सप्तमी 2017 | Martand Saptami 2017 | Martand Saptami

सूर्य भगवान आदि देव हैं अत: इन्हें आदित्य कहते हैं, इसके अलावा अदिति के पुत्र के रूप में जन्म लेने के कारण भी इन्हें इस नाम से जाना जाता है. सूर्य के कई नाम हैं जिनमें मार्तण्ड भी एक है जिनकी पूजा पौष मास में शुक्ल सप्तमी को होती है. सूर्य देव का यह रूप बहुत ही तेजस्वी है यह अशुभता और पाप का नाश कर उत्तम फल प्रदान करने वाला है. इस दिन सूर्य की पूजा करने से सुख सभाग्य एवं स्वास्थ्य लाभ मिलता है. मार्तण्ड सप्तमी कथा | Martand Saptami Katha दक्ष प्रजापति की पुत्री...

मकर संक्रान्ति 2017 | Makar Sankranti 2017 | Makar Sankranti Festival 2017

सूर्य का मकर राशि में प्रवेश मकर संक्रान्ति रुप में जाना जाता है. 14 जनवरी 2017 के दिन सूर्य मकर राशि में प्रवेश करते है. इस पर्व को दक्षिण भारत में तमिल वर्ष की शुरूआत इसी दिन से होती है. वहाँ यह पर्व 'थई पोंगल' के नाम से जाना जाता है. सिंधी लोग इस पर्व को 'तिरमौरी' कहते है. उत्तर भारत में यह पर्व 'मकर सक्रान्ति के नाम से और गुजरात में 'उत्तरायण' नाम से जाना जाता है. मकर संक्रान्ति को पंजाब में लोहडी पर्व, उतराखंड में उतरायणी, गुजरात में उत्तरायण, केरल में पोंगल, गढवाल में खिचडी...

कुम्भ स्नान महत्व | Importance of Kumbh Snan | Kumbh Snan Dates - Kumbh Bathing Dates 2013

10 फरवरी 2013, रविवार के दिन माघ मौनी अमावस को सूर्य व चंद्रमा के मकर राशि में एक साथ होने पर और गुरू के वृष राशि में विचरण करने से प्रयागराज अर्थात इलाहबाद में त्रिवेणी के संगम घाट पर कुम्भ महापर्व का आयोजन संपन्न होगा. त्रिवेणी में स्नान दान, जप-पाठ और दानादि का विशेष पुण्यकाल प्रात:काल 5 बजकर 5 मिनट से आरंभ होकर दोपहर 12 बजकर 50 मिनट तक रहेगा. पद्‍मिनी नायके मेषे कुम्भ राशि गते गुरोः । गंगा द्वारे भवेद योगः कुम्भ नामा तथोत्तमाः।। अर्थात मेष राशि के चक्र में...

कुम्भ महापर्व 2013 | Kumbh Mahaparva 2013 | Kumbh Mela Festival 2013

कुम्भ पर्व मेला भारत की प्राचीन वैदिक संस्कृति और सभ्यता का प्रतीक रहा है. यह एक ऎसा मेला है जहां पर संपूर्ण भारत से ही नहीं अपितु विश्व के अनेक देशों से लाखों की संख्या में धर्मपरायण लोग आते हैं. कुम्भ का अर्थ घट व घडे़ से लिया जाता है जो ब्रह्माण का प्रतिनिधित्व भी करता है. यह एक ऎसा स्थान है जहां विश्वभर के धर्म, जाती, भाषा, संस्कृति व ज्ञानीजनों तथा श्रद्धालु जनों का समायोजन होता है. ऋग्वेद में कहा गया है कि कुम्भ का दर्शन करने वाले व्यक्ति के सभी पापों का नाश होता...

सफला एकादशी 2017 | Saphla Ekadashi 2017 | Saphala Ekadasi Vrat

सफला एकादशी व्रत पौष मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी के दिन किया जाता है. 13 दिसंबर वर्ष 2017 में यह व्रत मनाया जायेगा. इस व्रत को करने वाले व्यक्ति को व्रत के दिन प्राता: स्नान करके, भगवान कि आरती करनी चाहिए और भगवान को भोग लगाना चाहिए. इस दिन भगवान नारायण की पूजा का विशेष महत्व होता है. ब्राह्मणों तथा गरीबों, को भोजन अथवा दान देना चाहिए. जागरण करते हुए कीर्तन पाठ आदि करना अत्यन्त फलदायी रहता है. इस व्रत को करने से समस्त कार्यो में सफलता मिलती है. यह एकादशी व्यक्ति को सभी कार्यों में...

लोहड़ी 2017 | Lohri 2017 | Lohri Festival Celebration | Lohri Festival 2017

लोहड़ी का त्यौहार खुद में अनेक सौगातों को लिए होता है. फसल पकने पर किसान खुशी को जाहिर करता है जो लोहड़ी पर्व, जोश व उल्लास को दर्शाते हुए सांस्कृत्तिक जुड़ाव को दर्शाता है , पंजाब और हरियाणा में विशेष उत्साह के साथ मनाया जाता है. लोहडी केवल पंजाब तक ही सीमित नहीं है बल्कि संपूर्ण भारत में मनाया जाता है अलग-अलग नामों से फसल पकने की खुशी यहां पूरे जोश के साथ लोहड़ी के रुप में मनाई जाती है. हिन्दू पंचांग के अनुसार लोहड़ी मकर संक्रांति के एक दिन पहले मनाई जाती है और इस बार...

मित्र सप्तमी 2017 | Mitra Saptami 2017 | Mitra Saptami

मित्र सप्तमी का त्यौहार मार्गशीर्ष शुक्ल पक्ष की सप्तमी के दिन मनाया जाता है. सूर्य देव की पूजा का पर्व सूर्य सप्तमी एक प्रमुख हिन्दू पर्व है. सूर्योपासना का यह पर्व संपूर्ण भारत में हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता रहा है. सूर्य भगवान ने अनेक नाम हैं जिनमें से उन्हें मित्र नाम से भी संबोधित किया जाता है, अत: इस दिन सप्तमी को मित्र सप्तमी के नाम से जाना जाता है. इस दिन भास्कर भगवान की पूजा-उपासना की जाती है. भगवान सूर्य की आराधना करते हुए लोग गंगा-यमुना या किसी भी पवित्र नदी या पोखर के...

श्री गणेश अंगारकी चतुर्थी 2017 | Shri Ganesha Angarika Chaturthi 2017 | Ganesh Angarika Chaturthi Vrat

श्री गणेश अंगारकी चतुर्थी व्रत का पालन जो भक्त करता है उसकी सभी मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं. व्यक्ति को मानसिक तथा शारीरिक कष्टों से छुटकारा मिलता है. इस वर्ष 14 फ़रवरी 2017, 13 जून 2017 और 7 नवम्बर 2017 के दिन मंगलवार का दिन और चतुर्थी तिथि का योग होने पर अंगारकी संकष्टी चतुर्थी व्रत सम्पन्न होना है. यह गणेश चतुर्थी मंगलवार के दिन होने के फलस्वरूप अंगारकी चतुर्थी के नाम से जानी जाती है. अंगारकी गणेश चतुर्थी के विषय में गणेश पुराण में विस्तार पूर्वक उल्लेख मिलता है, कि किस...

अखण्ड द्वादशी व्रत 2017 | Akhand Dwadashi Vrat 2017 | Akhand Dwadashi Fast

मार्गशीष मास की शुक्ल पक्ष की द्वादशी अखण्ड द्वादशी के रुप में मनाई जाती है. इस दिन विष्णु पूजा एवं व्रत का संकल्प किया जाता है, जिसमें शुद्ध आचरण व सदाचार पवित्रता का विशेष ध्यान रखा जाता है. अखण्ड द्वादशी तिथि के दिन किया गया व्रत पूजन धन, धान्य व सुख-समृद्धि देने वाला होता है. समस्त व्याधियों को नष्ट कर आरोग्य को बढ़ाने वाला होता है. इस वर्ष 30 नवम्बर 2017 दिन के दिन अखण्ड द्वादशी व्रत का पालन किया जाएगा. इसके प्रभाव स्वरूप से समस्त पापों का नाश होता है व सौभाग्य की प्राप्ति होती...

मार्गशीर्ष पूर्णिमा पूजन 2017 | Margashirsha Purnima Puja 2017 | Margashirsha Purnima Puja

मार्गशीर्ष पूर्णिमा के पावन पर्व पर गंगा समेत अनेक पवित्र नदियों में स्नान किया जाता है. हरिद्वार समेत अनेक स्थानों पर लोग आस्था की डुबकी लगाते हैं और पापों से मुक्त होते हैं. पूर्णिमा के स्नान पर पुण्य की कामना से स्नान का बहुत महत्व होता है इस अवसर पर किए गए दान का अमोघ फल प्राप्त होता है, यह एक बहुत पवित्र अवसर माना जाता है जो सभी संकटों को दूर करके मनोकामनाओं की पूर्ति करता है. मार्गशीर्ष पूर्णिमा के दिन व्रत एवं पूजन करने सभी सुखों की प्राप्ति होती है. 3 दिसंबर 2017 के दिन...

पिशाचमोचन श्राद्ध 2017| Pishach Mochan Shraddha 2017 | Pishach Mochan Shraddha

पिशाचमोचन श्राद्ध के दिन पिशाच (प्रेत) योनि में गये हुए पूर्वजों के निमित्त तर्पण आदि करने का विधान बताया गया है. 2 दिसंबर 2017 को पिशाचमोचन श्राद्ध किया जाना है. इस तिथि पर अकाल मृत्यु को प्राप्त पितरों का श्राद्ध करने का विशेष महत्व होता है. इस अवसर पर शांति के उपाय करने से प्रेत योनि व जिन्हें भूत-प्रेत से भय व्याप्त हो उन्हें पितर दोष से मुक्ति मिलती है. इस दोष की शांति हेतु शास्त्रों में पिशाचमोचन श्राद्ध को महत्वपुर्ण माना गया है. मार्गशीर्ष माह में आने वाला पिशाच मोचन श्राद्ध काफी...

गीता जयंती 2017 | Geeta Jayanti 2017 | Gita Jayanti | Geeta Jayanti Festival

गीता जयंती एक प्रमुख पर्व है हिंदु पौरांणिक ग्रथों में गीता का स्थान सर्वोपरि रहा है. 30 नवम्बर 2017 के दिन गीता जयंती का महोत्सव मनाया जाएगा. गीता ग्रंथ का प्रादुर्भाव मार्गशीर्ष मास में शुक्लपक्ष की एकादशी को कुरुक्षेत्र में हुआ था. महाभारत समय श्री कृष्ण द्वारा अर्जुन को ज्ञान का मार्ग दिखाते हुए गीता का आगमन होता है. इस ग्रंथ में छोटे-छोटे अठारह अध्यायों में संचित ज्ञान मनुष्यमात्र के लिए बहुमूल्य रहा है. अर्जुन को गीता का ज्ञान देकर कर्म का महत्व स्थापित किया इस प्रकार...

भौम प्रदोष व्रत | Bhaum Pradosh Fast | Bhaum Pradosh Vrat | Bhauma Pradosh Vrat 2017

प्रत्येक चन्द्र मास की त्रयोदशी तिथि के दिन प्रदोष व्रत रखने का विधान है. यह व्रत कृष्ण पक्ष और शुक्ल पक्ष दोनों को किया जाता है. सूर्यास्त के बाद के बाद का कुछ समय प्रदोष काल के नाम से जाना जाता है. स्थान विशेष के अनुसार यह बदलता रहता है. सामान्यत: सूर्यास्त से लेकर रात्रि आरम्भ तक के मध्य की अवधि को प्रदोष काल में लिया जा सकता है. भक्त को भगवान श्री भोलेनाथ पर अटूट श्रद्धा विश्वास हो, उन भक्तों को मंगलवार के दिन में पडने वाले प्रदोष व्रत का नियम पूर्वक पालन कर उपवास करना...

विष्णु सप्तमी 2017 | Vishnu Saptami 2017 | Vishnu Saptami Vrat

विष्णु सप्तमी व्रत मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष कि सप्तमी तिथि के दिन किया जाता है. इस वर्ष विष्णु सप्तमी 26, नवम्बर 2017 को मनाई जानी है. भारतीय संस्कृति में ,मार्गशीर्ष मास का अपना एक विशेष महत्व होता है, इस मास में सांसारिक विषयों से ध्यान हटाकर आध्यात्मिक से रिश्ता जोडा जाता है. आत्मा का नियंत्रक ग्रह सूर्य धर्म के कारक होकर आध्यात्मिक उन्नति में सहायक होते हैं. मार्गशीर्ष मास की हर तिथि अपना विशिष्ट आध्यात्मिक महत्व रखती है. ऐसा माना जाता है कि विष्णु सप्तमी के दिन उपवास...

मोक्षदा एकादशी 2017 | Mokshda Ekadashi 2017 | Mokshada Ekadasi Vrat

मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को मोक्षदा एकादशी के रुप में जाना जाता है. वर्ष 2017 में मोक्षदा एकादशी 30 नवम्बर को मनाई जाएगी. मार्गशीर्ष माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी अनेकों पापों को नष्ट करने वाली है. मोक्षदा एकादशी को दक्षिण भारत में वैकुण्ठ एकादशी के नाम से भी जाना जता है. इसी दिन भगवान श्री कृष्ण ने महाभारत के प्रारम्भ होने से पूर्व अर्जुन को गीता का उपदेश दिया था. इस दिन श्री कृष्ण व गीता का पूजन शुभ फलदायक होता है. ब्राह्राण भोजन कराकर दान आदि कार्य करने से...

दत्तात्रेय जयंती 2017 | Dattatreya Jayanti 2017 | Dattatreya Jayanti | Lord Dattatreya

मार्गशीर्ष मास की पूर्णिमा को दत्त जयंती के रूप में भी मनाई जाती है. इस वर्ष 3 दिसंबर 2017 को मनाई जाएगी. मान्यता अनुसार इस दिन भगवान दत्तात्रेय का जन्म हुआ था. धार्मिक ग्रंथों के अनुसार भगवान दत्तात्रेय को ब्रह्मा, विष्णु, महेश तीनों का स्वरूप माना जाता है. दत्तात्रेय में ईश्वर एवं गुरु दोनों रूप समाहित हैं जिस कारण इन्हें श्री गुरुदेवदत्त भी कहा जाता है. मान्यता अनुसार दत्तात्रेय का जन्म मार्गशीर्ष मास की पूर्णिमा को प्रदोषकाल में हुआ था. श्रीमद्भगावत ग्रंथों के अनुसार...

मार्गशीर्ष अमावस 2017 | Margashirsha Amavasya | Margashirsha Amavasya 2017

मार्गशीर्ष का महीना श्रद्धा एवं भक्ति से पूर्ण होता है. मार्गशीर्ष अमावस इस वर्ष 18 नवंबर 2017 को रहेगी. इस माह में श्रीकृष्ण भक्ति का विशेष महत्व होता है और पितरों की पूजा भी कि जाती है इस दिन पितर पूजा द्वारा पितरों को शांति मिलती है और पितर दोष का निवारण भी होता है. मार्गशीर्ष अमावस्या तिथि प्रत्येक धर्म कार्य के लिए अक्षय फल देने वाली बतायी गयी है. पर पितरों की शान्ति के लिये अमावस्या व्रत पूजन का विशेष महत्व है. जो लोग अपने पितरों की मोक्ष प्राप्ति, सदगति के लिये कुछ करना चाहते है...